हाथरस। सरस्वती विद्या मंदिर में सिख धर्म के दसवें गुरु, वीरता और त्याग के प्रतीक गुरु गोविंद सिंह की जयंती श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों एवं आचार्यों ने उनके जीवन, आदर्शों और बलिदान को स्मरण किया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता पप्पू राम शर्मा रहे। अपने संबोधन में उन्होंने गुरु गोविंद सिंह के जीवन पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए उनके महान त्याग, राष्ट्रभक्ति और धर्मरक्षा के कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि गुरु गोविंद सिंह ने समाज को साहस, सत्य और सेवा का मार्ग दिखाया।
मुख्य वक्ता ने गुरु गोविंद सिंह के चारों साहिबजादों के देश और धर्म के प्रति अद्वितीय बलिदान का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों से उनके आदर्शों से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि साहिबजादों का बलिदान भारतीय इतिहास की अमूल्य धरोहर है।
कार्यक्रम का संयोजन दिनेश कुमार मिश्रा द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी ने गुरु गोविंद सिंह के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।
